पहला चरण: 50 Objectives & Answers
- वैधुत् चुम्बकीय तरंगें किसने खोजी थीं?
उत्तर – हेनरी हर्ट्ज (Heinrich Hertz) ने। - वैधुत् चुम्बकीय तरंगों के अस्तित्व की भविष्यवाणी किसने की थी?
उत्तर – जेम्स क्लर्क मैक्सवेल (James Clerk Maxwell) ने। - वैधुत् चुम्बकीय तरंगें कैसी तरंगें होती हैं?
उत्तर – अनुप्रस्थ तरंगें (Transverse waves)। - वैधुत् चुम्बकीय तरंगों में कौन-कौन से क्षेत्र होते हैं?
उत्तर – विद्युत क्षेत्र (E) और चुम्बकीय क्षेत्र (B)। - विद्युत और चुम्बकीय क्षेत्र आपस में किस दिशा में होते हैं?
उत्तर – एक-दूसरे के लंबवत (Perpendicular) होते हैं। - वैधुत् चुम्बकीय तरंगें किस दिशा में संचरित होती हैं?
उत्तर – विद्युत और चुम्बकीय क्षेत्र के लंबवत दिशा में। - वैधुत् चुम्बकीय तरंगें किस माध्यम में चल सकती हैं?
उत्तर – निर्वात (Vacuum) में भी। - वैधुत् चुम्बकीय तरंगों की चाल (speed) निर्वात में कितनी होती है?
उत्तर – 3×1083 \times 10^83×108 मीटर/सेकंड। - वैधुत् चुम्बकीय तरंगों की चाल का सूत्र क्या है?
उत्तर – c=1μ0ε0c = \frac{1}{\sqrt{\mu_0 \varepsilon_0}}c=μ0ε01 - वैधुत् चुम्बकीय तरंगें किस प्रकार की ऊर्जा वहन करती हैं?
उत्तर – विद्युत एवं चुम्बकीय दोनों प्रकार की ऊर्जा। - वैधुत् चुम्बकीय तरंगें किससे उत्पन्न होती हैं?
उत्तर – त्वरित आवेशों (Accelerated charges) से। - वैधुत् चुम्बकीय तरंगों का कोई द्रव्यमान होता है क्या?
उत्तर – नहीं, इनका द्रव्यमान नहीं होता। - वैधुत् चुम्बकीय तरंगें किस प्रकार की तरंगें हैं – यांत्रिक या अयांत्रिक?
उत्तर – अयांत्रिक (Non-mechanical) तरंगें हैं। - विद्युत क्षेत्र और चुम्बकीय क्षेत्र का अनुपात क्या होता है?
उत्तर – EB=c\frac{E}{B} = cBE=c - वैधुत् चुम्बकीय तरंगों में ऊर्जा का प्रवाह किसके द्वारा होता है?
उत्तर – पॉइन्टिंग सदिश (Poynting Vector) द्वारा। - पॉइन्टिंग सदिश का सूत्र क्या है?
उत्तर – S⃗=1μ0(E⃗×B⃗)\vec{S} = \frac{1}{\mu_0} (\vec{E} \times \vec{B})S=μ01(E×B) - वैधुत् चुम्बकीय तरंगों के लिए पॉइन्टिंग सदिश की दिशा क्या दर्शाती है?
उत्तर – ऊर्जा प्रवाह की दिशा। - वैधुत् चुम्बकीय तरंगों की तरंगदैर्घ्य का सूत्र क्या है?
उत्तर – λ=cf\lambda = \frac{c}{f}λ=fc - वैधुत् चुम्बकीय तरंगें किस पर निर्भर करती हैं?
उत्तर – स्रोत की आवृत्ति पर। - रेडियो तरंगों की तरंगदैर्घ्य लगभग कितनी होती है?
उत्तर – कुछ मीटर से लेकर कई किलोमीटर तक। - रेडियो तरंगें कैसे उत्पन्न होती हैं?
उत्तर – दोलनशील विद्युत परिपथ (Oscillatory circuit) से। - रेडियो तरंगों का उपयोग कहाँ होता है?
उत्तर – रेडियो और टीवी प्रसारण में। - माइक्रोवेव की तरंगदैर्घ्य कितनी होती है?
उत्तर – लगभग 1 मिमी से 30 सेमी तक। - माइक्रोवेव का उपयोग कहाँ होता है?
उत्तर – रडार, ओवन, सैटेलाइट संचार में। - इन्फ्रारेड (Infrared) किरणें क्या हैं?
उत्तर – वे वैधुत् चुम्बकीय तरंगें जो ताप विकिरण (heat radiation) के रूप में निकलती हैं। - इन्फ्रारेड किरणों की खोज किसने की थी?
उत्तर – विलियम हर्षल (William Herschel) ने। - इन्फ्रारेड किरणों का उपयोग कहाँ होता है?
उत्तर – नाइट विज़न कैमरा और चिकित्सा उपचार में। - दृश्य प्रकाश (Visible Light) की तरंगदैर्घ्य सीमा क्या है?
उत्तर – 400 nm400 \text{ nm}400 nm से 700 nm700 \text{ nm}700 nm तक। - दृश्य प्रकाश का सबसे अधिक अपवर्तनीय रंग कौन सा है?
उत्तर – बैंगनी (Violet)। - दृश्य प्रकाश का सबसे कम अपवर्तनीय रंग कौन सा है?
उत्तर – लाल (Red)। - पराबैंगनी (Ultraviolet) किरणों की खोज किसने की थी?
उत्तर – रिटर (Ritter) ने। - पराबैंगनी किरणों का उपयोग कहाँ होता है?
उत्तर – रोगाणु नाशक (Germicidal lamps) और स्टेरिलाइजेशन में। - एक्स-किरणों (X-rays) की खोज किसने की थी?
उत्तर – विल्हेम रॉन्टजेन (Wilhelm Röntgen) ने। - एक्स-किरणों का उपयोग कहाँ होता है?
उत्तर – चिकित्सा में हड्डियों की जांच के लिए। - गामा किरणें (Gamma Rays) क्या हैं?
उत्तर – रेडियोधर्मी पदार्थों से निकलने वाली उच्च ऊर्जा तरंगें। - गामा किरणों का उपयोग कहाँ होता है?
उत्तर – कैंसर उपचार और सैन्य तकनीक में। - वैधुत् चुम्बकीय तरंगों का स्पेक्ट्रम कितने भागों में बाँटा गया है?
उत्तर – 7 भागों में। - सबसे अधिक तरंगदैर्घ्य किसका होता है?
उत्तर – रेडियो तरंगों का। - सबसे कम तरंगदैर्घ्य किसका होता है?
उत्तर – गामा किरणों का। - वैधुत् चुम्बकीय तरंगें किसके अधीन होती हैं?
उत्तर – मैक्सवेल के समीकरणों के अधीन। - प्रकाश किस प्रकार की वैधुत् चुम्बकीय तरंग है?
उत्तर – दृश्य प्रकाश तरंग। - वैधुत् चुम्बकीय तरंगों में दाब किससे संबंधित है?
उत्तर – विकिरण दाब (Radiation Pressure)। - विकिरण दाब का सूत्र क्या है?
उत्तर – P=IcP = \frac{I}{c}P=cI (जहाँ I = तीव्रता, c = प्रकाश की गति) - वैधुत् चुम्बकीय तरंगों की तीव्रता (Intensity) का सूत्र क्या है?
उत्तर – I=12cε0E02I = \frac{1}{2} c \varepsilon_0 E_0^2I=21cε0E02 - कौन-सी तरंगें आँखों से देखी जा सकती हैं?
उत्तर – दृश्य प्रकाश तरंगें। - कौन-सी तरंगें मोबाइल संचार में उपयोग होती हैं?
उत्तर – माइक्रोवेव तरंगें। - कौन-सी तरंगें रडार में उपयोग होती हैं?
उत्तर – माइक्रोवेव तरंगें। - कौन-सी तरंगें सौर ऊर्जा के लिए जिम्मेदार हैं?
उत्तर – इन्फ्रारेड और दृश्य प्रकाश तरंगें। - कौन-सी तरंगें जीवित कोशिकाओं के लिए हानिकारक होती हैं?
उत्तर – पराबैंगनी, एक्स-किरणें और गामा किरणें। - वैधुत् चुम्बकीय तरंगों का सबसे महत्वपूर्ण उपयोग क्या है?
उत्तर – संचार (Communication), चिकित्सा और ऊर्जा संचरण में।
दूसरा चरण– 15 Short Answer Questions
- वैधुत् चुम्बकीय तरंगें क्या होती हैं?
उत्तर – वे तरंगें जिनमें विद्युत और चुम्बकीय क्षेत्र एक-दूसरे के लम्बवत तथा तरंग प्रसार की दिशा के लम्बवत दोलन करते हैं, वैधुत् चुम्बकीय तरंगें कहलाती हैं। - वैधुत् चुम्बकीय तरंगों का जनक कौन था?
उत्तर – जेम्स क्लर्क मैक्सवेल (James Clerk Maxwell)। - वैधुत् चुम्बकीय तरंगों के प्रसार का माध्यम क्या होता है?
उत्तर – यह निर्वात (Vacuum) में भी प्रसारित हो सकती हैं, अतः इन्हें माध्यम की आवश्यकता नहीं होती। - वैधुत् चुम्बकीय तरंगों की गति निर्वात में कितनी होती है?
उत्तर – c=3×108 m/sc = 3 \times 10^8 \, m/sc=3×108m/s - वैधुत् और चुम्बकीय क्षेत्र में कोण कितना होता है?
उत्तर – 90° (दोनों एक-दूसरे के लम्बवत होते हैं)। - वैधुत् चुम्बकीय तरंगें किस प्रकार की तरंगें होती हैं?
उत्तर – अनुप्रस्थ (Transverse) तरंगें। - वैधुत् चुम्बकीय तरंगों में ऊर्जा का प्रवाह किसके द्वारा होता है?
उत्तर – पॉयन्टिंग सदिश (Poynting Vector) द्वारा। - पॉयन्टिंग सदिश क्या है?
उत्तर – ऊर्जा प्रवाह की दिशा और दर बताने वाला सदिश।
S⃗=1μ0(E⃗×B⃗)\vec{S} = \frac{1}{\mu_0} (\vec{E} \times \vec{B})S=μ01(E×B) - विद्युत क्षेत्र और चुम्बकीय क्षेत्र के बीच संबंध क्या है?
उत्तर – E=cBE = cBE=cB - वैधुत् चुम्बकीय तरंगों में ऊर्जा कहाँ संग्रहित होती है?
उत्तर – विद्युत क्षेत्र और चुम्बकीय क्षेत्र दोनों में समान रूप से। - रेडियो तरंगों की तरंगदैर्घ्य सीमा क्या है?
उत्तर – लगभग 103 m10^3 \, m103m से 0.1 m0.1 \, m0.1m तक। - दृश्य प्रकाश की तरंगदैर्घ्य सीमा क्या है?
उत्तर – 4×10−7 m4 \times 10^{-7} \, m4×10−7m से 7×10−7 m7 \times 10^{-7} \, m7×10−7m तक। - एक्स-रे का उपयोग कहाँ होता है?
उत्तर – हड्डियों की जाँच और औद्योगिक निरीक्षण में। - रेडियो तरंगें कैसे उत्पन्न होती हैं?
उत्तर – प्रत्यावर्ती धारा वाले दोलनशील परिपथ (Oscillating Circuit) द्वारा। - गामा किरणें कहाँ से उत्पन्न होती हैं?
उत्तर – रेडियोधर्मी पदार्थों के नाभिकीय परिवर्तन से।
तीसरा चरण : Long Answer Questions
- वैधुत् चुम्बकीय तरंगें क्या हैं और इन्हें किसने खोजा?
उत्तर – वैधुत् चुम्बकीय तरंगें वे अनुप्रस्थ तरंगें हैं जिनमें विद्युत और चुम्बकीय क्षेत्र एक-दूसरे के लंबवत तथा तरंग की दिशा के लंबवत दोलन करते हैं।
इनका सिद्धांत जेम्स क्लर्क मैक्सवेल ने 1865 में दिया और हेनरिक हर्ट्ज़ ने 1888 में प्रयोग द्वारा इन्हें उत्पन्न किया। - वैधुत् चुम्बकीय तरंगों के गुण लिखिए।
उत्तर –
(1) ये अनुप्रस्थ तरंगें हैं।
(2) ये निर्वात में भी चल सकती हैं।
(3) इनकी गति निर्वात में 3×108 m/s3 \times 10^8 \, m/s3×108m/s होती है।
(4) विद्युत और चुम्बकीय क्षेत्र एक-दूसरे के लम्बवत होते हैं।
(5) ये ऊर्जा का वहन करती हैं। - पॉयन्टिंग सदिश (Poynting Vector) क्या है और इसका महत्व क्या है?
उत्तर –
यह एक सदिश है जो वैधुत् चुम्बकीय तरंग में ऊर्जा प्रवाह की दिशा और दर बताता है।
S⃗=1μ0(E⃗×B⃗)\vec{S} = \frac{1}{\mu_0} (\vec{E} \times \vec{B})S=μ01(E×B)
इसका मान ऊर्जा प्रवाह प्रति इकाई क्षेत्र होता है और दिशा तरंग के प्रसार की दिशा में होती है। - वैधुत् चुम्बकीय तरंगों में E और B का संबंध सिद्ध कीजिए।
उत्तर –
वैधुत् चुम्बकीय तरंग में विद्युत और चुम्बकीय क्षेत्र एक-दूसरे के लम्बवत होते हैं।
तरंग निर्वात में गति ccc से चलती है, अतः
E=cBE = cBE=cB।
अर्थात् विद्युत क्षेत्र का परिमाण चुम्बकीय क्षेत्र के परिमाण का c गुना होता है। - मैक्सवेल समीकरणों का महत्व बताइए।
उत्तर –
मैक्सवेल ने चार समीकरणों द्वारा विद्युत और चुम्बकीय क्षेत्रों के आपसी संबंध को बताया।
इन्हीं समीकरणों से वैधुत् चुम्बकीय तरंगों के अस्तित्व का सिद्धांत निकला।
इनसे यह सिद्ध होता है कि बदलता हुआ विद्युत क्षेत्र चुम्बकीय क्षेत्र उत्पन्न करता है और विपरीत भी सत्य है। - रेडियो तरंगें क्या हैं और इनका उपयोग कहाँ होता है?
उत्तर –
रेडियो तरंगें सबसे लम्बी तरंगदैर्घ्य वाली वैधुत् चुम्बकीय तरंगें हैं।
इनका प्रयोग रेडियो, टेलीविजन, रडार और वायरलेस संचार में होता है।
इन्हें एंटेना द्वारा उत्पन्न किया जाता है। - माइक्रोवेव क्या हैं और इनका उपयोग बताइए।
उत्तर –
माइक्रोवेव की तरंगदैर्घ्य 10−3 m10^{-3} \, m10−3m से 0.1 m0.1 \, m0.1m के बीच होती है।
इनका उपयोग रडार, उपग्रह संचार, और माइक्रोवेव ओवन में किया जाता है।
यह ऊष्मा उत्पन्न करने में सक्षम होती हैं। - अवरक्त (Infrared) किरणें क्या हैं?
उत्तर –
ये दृश्यमान प्रकाश से लंबी तरंगदैर्घ्य वाली किरणें हैं।
इनका उपयोग नाइट विज़न उपकरणों, रिमोट कंट्रोल, और चिकित्सा में किया जाता है।
इनसे शरीर को ऊष्मा प्राप्त होती है। - पराबैंगनी (Ultraviolet) किरणें क्या हैं?
उत्तर –
इनकी तरंगदैर्घ्य दृश्यमान प्रकाश से छोटी होती है।
ये सूर्य के प्रकाश में पाई जाती हैं।
इनसे बैक्टीरिया नष्ट होते हैं और फ्लोरोसेंट लैंप में उपयोग होती हैं। - एक्स-रे क्या हैं और उपयोग बताइए।
उत्तर –
एक्स-रे उच्च ऊर्जा वाली वैधुत् चुम्बकीय तरंगें हैं।
इनका प्रयोग चिकित्सकीय क्षेत्र में हड्डियों की जाँच के लिए तथा उद्योग में दरारें पता लगाने हेतु किया जाता है। - गामा किरणें क्या हैं और कहाँ से उत्पन्न होती हैं?
उत्तर –
गामा किरणें सबसे छोटी तरंगदैर्घ्य और उच्चतम ऊर्जा वाली तरंगें हैं।
ये रेडियोधर्मी पदार्थों के नाभिकीय अपघटन से उत्पन्न होती हैं।
इनका उपयोग कैंसर उपचार में होता है। - वैधुत् चुम्बकीय तरंगें निर्वात में कैसे चलती हैं?
उत्तर –
इनके विद्युत और चुम्बकीय क्षेत्र परस्पर बदलते रहते हैं।
एक बदलता विद्युत क्षेत्र चुम्बकीय क्षेत्र उत्पन्न करता है, और वह पुनः विद्युत क्षेत्र उत्पन्न करता है।
इस प्रकार तरंग निर्वात में बिना माध्यम के चलती है। - वैधुत् चुम्बकीय स्पेक्ट्रम क्या है?
उत्तर –
यह वैधुत् चुम्बकीय तरंगों की विभिन्न तरंगदैर्घ्यों या आवृत्तियों की क्रमबद्ध श्रृंखला है,
जिसमें रेडियो तरंगें से लेकर गामा किरणें तक सम्मिलित हैं। - प्रकाश तरंगें वैधुत् चुम्बकीय तरंगें कैसे हैं?
उत्तर –
क्योंकि इनमें विद्युत और चुम्बकीय क्षेत्र दोनों होते हैं जो एक-दूसरे के लंबवत दोलन करते हैं।
इनकी गति निर्वात में 3×108 m/s3 \times 10^8 \, m/s3×108m/s होती है, जो वैधुत् चुम्बकीय तरंगों के समान है। - वैधुत् चुम्बकीय तरंगों का व्यावहारिक उपयोग बताइए।
उत्तर –
इनका उपयोग संचार, चिकित्सा, रेडार, माइक्रोवेव ओवन, एक्स-रे जाँच, और कैंसर उपचार में होता है।
इनसे आधुनिक वायरलेस तकनीक संभव हुई है।
चौथा चरण : 30 Important Points
- वैधुत् चुम्बकीय तरंगें अनुप्रस्थ होती हैं।
- इनकी गति निर्वात में 3×108 m/s3 \times 10^8 \, m/s3×108m/s होती है।
- विद्युत और चुम्बकीय क्षेत्र एक-दूसरे के लंबवत होते हैं।
- वैधुत् चुम्बकीय तरंगों को माध्यम की आवश्यकता नहीं होती।
- पॉयन्टिंग सदिश ऊर्जा प्रवाह दर्शाता है।
- S⃗=1μ0(E⃗×B⃗)\vec{S} = \frac{1}{\mu_0} (\vec{E} \times \vec{B})S=μ01(E×B)।
- E=cBE = cBE=cB वैधुत् चुम्बकीय तरंगों का मूल संबंध है।
- ऊर्जा E और B दोनों क्षेत्रों में समान रूप से बाँटी रहती है।
- वैधुत् चुम्बकीय तरंगों का सिद्धांत मैक्सवेल ने दिया।
- हेनरिक हर्ट्ज़ ने प्रयोग द्वारा इन्हें उत्पन्न किया।
- रेडियो तरंगों की तरंगदैर्घ्य सबसे अधिक होती है।
- गामा किरणों की तरंगदैर्घ्य सबसे कम होती है।
- रेडियो तरंगें संचार कार्य में प्रयुक्त होती हैं।
- माइक्रोवेव रडार और उपग्रह संचार में उपयोगी हैं।
- अवरक्त किरणें ऊष्मा देती हैं।
- दृश्य प्रकाश मानवीय आँख से देखा जा सकता है।
- पराबैंगनी किरणें जीवाणु नाशक होती हैं।
- एक्स-रे चिकित्सा क्षेत्र में उपयोगी हैं।
- गामा किरणें रेडियोधर्मी स्रोतों से निकलती हैं।
- वैधुत् चुम्बकीय स्पेक्ट्रम में 7 प्रमुख भाग होते हैं।
- प्रकाश तरंगें भी वैधुत् चुम्बकीय तरंगें हैं।
- स्पेक्ट्रम की दिशा में ऊर्जा बढ़ती है और तरंगदैर्घ्य घटती है।
- मैक्सवेल समीकरणों से इनका सिद्धांत निकला।
- ये तरंगें ऊर्जा और संवेग दोनों वहन करती हैं।
- पॉयन्टिंग वेक्टर की दिशा तरंग प्रसार की दिशा होती है।
- UV किरणें विटामिन D बनाने में सहायक हैं।
- अधिक UV से त्वचा जल सकती है।
- रेडियो तरंगों का उत्पादन एंटेना से होता है।
- इनसे वायरलेस संचार संभव हुआ।
- बोर्ड परीक्षा में इन पर निश्चित रूप से 3–5 अंक के प्रश्न आते हैं।